चैत्र नवरात्रि 2024

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Navratri 2024

चैत्र नवरात्रि 2024

चैत्र नवरात्रि 2024: हिंदू धर्म में चैत्र नवरात्रि का महत्व

चैत्र नवरात्रि 2024: हिंदू धर्म में नवरात्रि के पर्व का विशेष महत्व होता है। चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से चैत्र नवरात्रि शुरू हो जाती है। नवरात्रि पर देवी दुर्गा का नौ अलग-अलग स्वरूपों की विधि-विधान के साथ पूजा-अर्चना की जाती है। नवरात्रि के नौ दिनों तक लोग उपवास रखते हैं। सालभर में 4 नवरात्रि आती हैं जिसमें से दो गुप्त नवरात्रि, एक शारदीय नवरात्रि और एक चैत्र नवरात्रि होती है।

हिंदू धर्म में नवरात्रि का महत्व-Chaitra Navratri Significance Navratri 2023

हिंदू धर्म में नवरात्रि के समय को बहुत ही पवित्र और खास माना जाता है। साल में 2 गुप्त नवरात्रि और 2 प्रकट नवरात्रि मनाए जाते हैं, जिनमें से चैत्र नवरात्रि और आश्विन माह की शारदीय नवरात्रि खास माने जाते हैं। हिंदू पंचांग के अनुसार, इस साल 9 अप्रैल 2024 से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत होने वाली है।

चैत्र नवरात्रि 2024 तिथि-Chaitra Navratri

हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि 08 अप्रैल की रात को 11 बजकर 50 मिनट से शुरू हो जाएगी जिसका समापन 9 अप्रैल को रात 08 बजकर 30 मिनट होगा। उदया तिथि के आधार पर चैत्र नवरात्रि 9 अप्रैल 2024 से शुरू होगी।

चैत्र नवरात्रि कलश स्थापना का मुहूर्त

09 अप्रैल से चैत्र नवरात्रि शुरू होगी। कलश स्थापना के लिए 09 अप्रैल को सुबह 06 बजकर 11 मिनट से 10 बजकर 23 मिनट तक का शुभ मुहूर्त रहेगा। वहीं अगर 09 अप्रैल के अभिजीत मुहूर्त की बात करें तो इस दिन दोपहर 12 बजकर 03 मिनट से लेकर 12 बजकर 54 मिनट तक रहेगा। अभिजीत मुहूर्त में किस भी तरह कोई शुभ कार्य किया जा सकता है।

नवरात्रि के नौ दिन पूजा का महत्व

  1. प्रथम दिन – मां शैलपुत्री की पूजा
  2. दूसरा दिन – माता ब्रह्मचारिणी की पूजा
  3. तीसरा दिन – माता चंद्रघंटा की पूजा
  4. चौथा दिन – मां कूष्मांडा की पूजा
  5. पांचवा दिन – माता स्कंदमाता की पूजा
  6. छठा दिन – माता कात्यायनी की पूजा
  7. सातवां दिन – मां कालरात्रि की पूजा
  8. आठवां दिन – मां महागौरी की पूजा
  9. नवां दिन – मां सिद्धिदात्री की पूजा

चैत्र नवरात्रि 2024: मां दुर्गा घोड़े पर सवार होकर आएंगी

इस बार चैत्र नवरात्रि पर मां दुर्गा घोड़े पर सवार होकर आएंगी। मंगलवार को चैत्र नवरात्रि शुरू होने के कारण मां का वाहन घोड़ा होगा। नवरात्रि पर देवी पूजन और नौ दिन के व्रत का बहुत महत्व है। नवरात्रि के नौ दिनों में व्रत रखने वालों के लिए कुछ नियम होते हैं साथ ही इन नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों को उनका पसंदीदा भोग लगाकर मां का आशीर्वाद पाया जा सकता है।

चैत्र नवरात्रि 2024: तिथियाँ

  • नवमी कब है: नवमी तिथि 16 अप्रैल 2024 को है।
  • अष्टमी कब है: चैत्र शुक्ल अष्टमी तिथि 15 अप्रैल 2024 को है।
  • नवरात्रि 2024 कब से है: नवरात्रि 2024 चैत्र मास की प्रथम तिथि से शुरू हो रही है, यानी 9 अप्रैल 2024 से।
  • नवरात्रि 2024 कब समाप्त होगी: चैत्र नवरात्रि 2024 की अंतिम तिथि 16 अप्रैल 2024 है।
चैत्र नवरात्रि 2024 नवमी कब है: नवरात्रि का नौवां दिन माता सिद्धिदात्री का है।मान्यता है इस दिन भक्तों की सभी मनोकामना पूर्ण होती हैं। नवमी तिथि 16 अप्रैल 2024
चैत्र नवरात्रि 2024: हिंदू कैलेंडर के अनुसार चैत्र माह की पहली तिथि यानी चैत्र नवरात्रि 2024 की शुरुआत इस साल 9 अप्रैल से होगी। इसी दिन चैत्र नवरात्रि 2024 की कलश स्थापना की जाएगी। इसके बाद 9 दिनों तक इस कलश का पूजा की जाएगी। नवरात्रि 2024 (Navratri 2024) की अष्टमी और नवमी को छोटी कन्याओं की पूजा मां दुर्गा का स्वरूप मानते हुए की जाएगी और इन्हें कन्या भोज कराया जाएगा।
चैत्र नवरात्रि 2024 कब है: चैत्र नवरात्र नौ अप्रैल से शुरू हो रहा है। नौ अप्रैल को कलश स्थापन के साथ ही पहली पूजा शुरू हो जाएगी। 9 दिनों तक चलने वाली चैत्र नवरात्रि मंगलवार 9 अप्रैल को कलश स्थापना के साथ शुरू होगी।
चैत्र नवरात्रि 2024 – नवमी कब है: चैत्र शुक्ल नवमी तिथि 16 अप्रैल 2024 को दोपहर 01.23 से 17 अप्रैल 2024 को दोपहर 03.14 तक रहेगी. इसी दिन नवमी तिथि के समापन पर व्रत पारण किया जाएगा.
चैत्र नवरात्रि 2024 में कब है: 9 अप्रैल से 16 अप्रैल 2024
चैत्र नवरात्रि 2024 कब से शुरू है: 9 अप्रैल 2024 से
चैत्र नवरात्रि 2024- नवमी कब है: नवमी तिथि 16 अप्रैल 2024
चैत्र नवरात्रि 2024 अष्टमी कब है: चैत्र शुक्ल अष्टमी तिथि 15 अप्रैल 2024 को दोपहर 12.11 मिनट पर शुरु होकर 16 अप्रैल 2024 को दोपहर 01.23 तक रहेगी
चैत्र नवरात्रि 2024 कब से है: 9 अप्रैल 2024 से
चैत्र नवरात्रि 2024 नवमी कब है?:  नवमी तिथि 16 अप्रैल 2024

चैत्र नवरात्रि 2024 का उत्सव धार्मिक और सामाजिक दृष्टि से बहुत महत्वपूर्ण है, जो हमें मां दुर्गा की कृपा और आशीर्वाद से नवजीवन और समृद्धि प्रदान करता है।

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